मुंबई: “मातृभाषा को प्राथमिकता देना हमारी सरकार की नीति है. मुझे नहीं लगता कि मातृभाषा का मुद्दा किसी बड़ी समस्या या विवाद का कारण बनेगा. राज्यों के पास अनुभवी नेतृत्व है और ऐसे किसी भी विवाद का समाधान निश्चित रूप से मिल जाएगा.”
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में उक्त बातें ईटीवी भारत के रिपोर्टर के सवाल के जवाब में कहीं. अमित शाह ने कहा, “हालांकि कुछ लोग विवाद भड़काने की कोशिश करते हैं, लेकिन राज्य-स्तरीय नेतृत्व इन मामलों को सुलझाने में पूरी तरह सक्षम है.”
इस मौके पर बोलते हुए अमित शाह ने कहा, “2014 से पहले देश भ्रष्टाचार, परिवारवाद और जातिवाद से जूझ रहा था.
हालांकि, 2014 से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने इन चुनौतियों से पार पाया है और उल्लेखनीय प्रगति की है. 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं. 16 करोड़ लोगों को अपना घर मिला है. 16 करोड़ किसानों को ‘कृषि सम्मान योजना’ के तहत 6,000 रुपये मिले हैं. उन्होंने कहा कि ‘उज्ज्वला’ योजना के जरिए 11 करोड़ लोगों को एलपीजी कनेक्शन मिले हैं और 7 करोड़ लोगों को बिजली कनेक्शन मिले हैं.
इसके अलावा, पूरे देश में सड़कों और रेलवे के नेटवर्क समेत बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचा विकसित किया गया है. केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश ने ज़बरदस्त विकास देखा है. उन्होंने यह भी दावा किया कि सरकार ने नक्सलवाद पर सफलतापूर्वक रोक लगाई है.
शाह ने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सरकार के प्रमुख के तौर पर 25 साल का कार्यकाल पूरा कर लिया है – पहले गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में और अब देश के प्रधानमंत्री के रूप में.”
उनके नाम लगातार 25 वर्षों तक सरकार के प्रमुख के तौर पर काम करने का रिकॉर्ड है. इस मौके पर, भाजपा 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक एक महीने का ‘सेवा संकल्प अभियान’ चलाएगी.
‘जेन ज़ेड’ (Gen Z) के विरोध-प्रदर्शनों के मुद्दे पर बात करते हुए अमित शाह ने कहा, “हम लोकतंत्र में रहते हैं और लोकतंत्र का बहुत सम्मान करते हैं. कांग्रेस के उलट, हमारी सोच ‘आपातकाल’ (Emergency) वाली नहीं है. इसलिए, हम विरोध-प्रदर्शनों का सम्मान करते हैं.”
Leave a comment